Headline • "कांग्रेस को चाहिए ' गांधी ' अध्यक्ष, वर्ना टूट जाएगी पार्टी"• यूपी बोर्ड के छात्रों को मिलेगा धीरूभाई अंबानी स्कॅालरशिप पाने का मौका • छपरा में मवेशी चोरी के आरोप में 3 लोगों की पिट-पिटकर हत्या • ट्रम्प का दावा - अमेरिकी युद्धपोत ने मार गिराया है होरमुज की खाड़ी में ईरानी ड्रोन• कर्नाटक : बीजेपी विधायकों के लिए सदन में ब्रेकफास्ट लेकर पहुंचे कर्नाटक के डेप्युटी सीएम• इमरान खान के अमेरिका दौरे से पहले पाक को झटका, नहीं मिलेगी अमेरिकी सहायता• पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री शाहिद खाकान अब्बासी गिरफ्तार • 90 बीघे जमीन के लिए चली अंधाधुंध गोलियां, बिछ गई लाशें• धौनी के माता-पिता भी चाहते है कि वो अब क्रिकेट से संन्यास ले• चंद्रयान-2 की आयी डेट; 22 जुलाई को होगा लॅान्च • कुलभूषण जाधव केस : 1 रुपये वाले साल्वे ने पाकिस्तान के 20 करोडं रुपये वाले वकील को दी मात • कांग्रेस को नहीं मिल पा रहा नया अध्यक्ष , किसी भी नाम को लेकर सहमति नहीं• पाकिस्तान में मुंबई हमले का मास्टर माइंड हाफिज सईद गिरफतार • सावन मास के साथ शुरू हुई कांवड़ यात्रा• एपल भारत में जल्द शुरू करेगी i-phone की मैन्युफैक्चरिंग, सस्ते हो सकते हैं आईफोन• डोंगरी में इमारत गिरने से अबतक 16 लोगो की मौत, 40 से ज्यादा लोगो के मलबे में दबे होने की आशंका : दूसरे दिन भी रेस्क्यू जारी• मुंबई के डोंगरी में 4 मंजिला इमारत गिरी; 2 की मौत, 50 से ज्यादा लोगो के मलबे में फसे होने की आशंका• IAS टोपर को किया ट्रोल, मिला करारा जवाब • देर रात देखिये चंद्रग्रहण का नजारा, लाल नज़र आएगा चाँद • बालाकोट एयर स्ट्राइक के बाद पाकिस्तान ने भारत के लिए खोले बंद हवाई क्षेत्र ।• महिला सांसदों पर किये गए टिपण्णी से घिरे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प• सुप्रीम कोर्ट ने की आसाराम की जमानत याचिका खारिज • धोनी को संन्यास देने की तयारी में है चयनकर्ता, बहुत जल्द कर सकते है फैसला • तकनीकी कारणों की वजह से 56 मिनट पहले रोकी गयी चंद्रयान-2 की लॉन्चिंग, इसरो ने कहा - जल्द नई तरीक करेंगे तय • भविष्य के टकराव ज्यादा घातक और कल्पना से परे होंगे : सेना प्रमुख जनरल विपिन रावत

मोदी को छूट क्यों दी गई- अमेरिकी कोर्ट

न्यूयॉर्क- अमेरिका की एक कोर्ट ने वहां के विदेश मंत्रालय से पूछा है कि भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को किस आधार पर छूट दी गई। नरेंद्र मोदी पर 2002 के दंगों में शामिल होने का आरोप लगाते हुए कुछ मानवाधिकार संगठनों ने उनके खिलाफ मुकदमा दायर कर रखा है। इसी संबंध में इन संगठनों ने नरेंद्र मोदी को अमेरिका में मिली छूट पर सवाल उठाए थे। कोर्ट ने मंत्रालय से 10 दिसंबर तक जवाब देने को कहा है।


एजेसी के प्रेजिडेंट जोसेफ विटिंगटन ने भरोसा जताया कि उनके पास मोदी के खिलाफ मजबूत कानूनी आधार है और कोर्ट इस केस को आगे बढ़ाने की इजाजत देगी। विटिंगटन ने कहा, श्गुजरात के भयानक नरसंहार के पीडि़त उम्मीद करते हैं कि अमेरिका अपने कानूनों और न्याय के अंतरराष्ट्रीय आदर्शों का पालन करेगा।


एजेसी ने कहा है कि नरेंद्र मोदी पर गुजरात के मुख्यमंत्री के तौर पर किए गए उनके कार्यों के लिए मुकदमा किया जा रहा है, न कि भारत के प्रधानमंत्री के तौर पर किसी काम के लिए। एजेसी के मेमोरैंडम में कहा गया, इस बात में कोई विवाद नहीं है कि किसी भी व्यक्ति को छूट उन कामों के नतीजों से मिलती है, जो उसने किसी विदेशी सरकार के प्रमुख के तौर पर किए हों। मोदी फॉरन सॉवरिन इम्यूनिटी ऐक्ट के तहत छूट के अधिकारी नहीं हैं क्योंकि अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ऐसा फैसला दे चुकी है कि विदेशी सरकार में कोई सरकारी अधिकारी शामिल नहीं है। मोदी पर मुकदमा, व्यक्ति पर भारतीय गणतंत्र पर नहीं।

संबंधित समाचार

:
:
: